सूरत पहुंच थम जाएगा ओखी चक्रवात, लेकिन राजस्थान के इन इलाकों में हो सकती है बूंदाबांदी

जोधपुर: अरब सागर से करीब 150 किलोमीटर प्रतिघंटा की तेज रफ्तार वाली हवा के साथ उठा ओखी चक्रवात का असर अब धीरे-धीरे कम हो रहा है। ओखी चक्रवात का असर 150 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से घटकर मंगलवार रात महज 18 किलोमीटर प्रतिघंटा की स्पीड तक पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार यह तूफान बुधवार सुबह सूरत पहुंच समाप्त हो जाएगा।

दो-तीन दिन रहेगा असर

मौसम विभाग के अनुसार यह साइक्लोन केरल, मुंबई, गुजरात से होते हुए राजस्थान की तरफ बढ़ रहा है। इसकी वजह से केरल, मुंबई के अलावा दक्षिणी गुजरात यानी सूरत, वड़ोदरा, खंभात की खाड़ी क्षेत्र में नुकसान हुआ हैं। वहीं राजस्थान के सिरोही, बांसवाड़ा, उदयपुर, चित्तौडगढ, डूंगरपुर पाली में इसका असर हुआ हैं। शेष राजस्थान में तेज हवाएं चलेंगी, बादल छाएंगे, जिससे केवल तापमान में बदलाव दिखाई देगा ऐसा मौसम दो-तीन दिन तक बना रहेगा।

ओखी की वजह से देश के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र बादलों की ओट में आ गए हैं। मौसम वैज्ञानिक गोविंदराम सीरवी ने बताया कि ओखी चक्रवात का विकराल रूप अब शांत हो चुका है, इसलिए राजस्थान में यह ज्यादा असर नहीं डाल पाएगा। प्रदेश में केवल बादल छाए रहेंगे और बूंदाबांदी हो सकती है।

चक्रवात के कारण राजधानी जयपुर में अधिकतम तापमान में 3.4 डिग्री सेल्सियस की कमी आई है। मंगलवार को रात का पारा 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा।

ओखी के असर से मंगलवार को दिन भर आसमान में बादल छाए रहे और सर्दी बढ़ गई। असर बुधवार को भी नजर आया। अधिकतम तापमान में गिरावट की वजह से शहर में ठिठुरन भी बढ़ गई। जोधपुर शहर का अधिकतम तापमान 2.5 डिग्री गिरकर 24.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ, वहीं न्यूनतम तापमान ढाई डिग्री बढ़कर 16.5 डिग्री पहुंच गया

Web Title : Bundabandi can occur in these areas of Rajasthan