कार्ति चिदंबरम को बड़ा झटका, ईडी ने जब्त की तीन देशों से करोड़ों की संपत्ति

नई दिल्ली। आईएनएक्स मीडिया मामले में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय ने बड़ी कार्रवाई की है। प्रवर्तन निदेशालय ने कार्ति चिदंबरम की 54 करोड़ की संपत्ति जब्त की है। ईडी ने भारत के अलावा लंदन और स्पेन में कार्ति की संपत्ति जब्त की है। ईडी ने लंदन में घर, कॉटेज और जमीन सहित 8.67 करोड़ की संपत्ति जब्त की है। इसमें उनके बैंक अकाउंट भी शामिल हैं।

आपको बता दें कि अभी पिछले दिनों एयरसेल-मैक्सिम केस में पी चिदंबरम और कार्ति को फौरी तौर पर राहत मिली थी, जब उन्हें गिरफ्तारी से दिया गया अंतरिम संरक्षण एक नवंबर तक बढ़ाया गया था। कार्ति ने इस संबंध में ट्वीट कर अपना पक्ष रखा है। कार्ति ने इसे विचित्र प्रॉविजनल अटैचमेंट ऑर्डर बताते हुए कहा है कि यह केवल हेडलाइन बनाने के लिए दिया गया है। कार्ति ने दावा किया है कि कानून के सामने यह आदेश ठहर नहीं सकेगा। उन्होंने इस मामले को उचित लीगल फोरम के आगे उठाने की बात कही है। ईडी ने जो संपत्ति जब्त की है उसमें दिल्ली के जोरबाग, ऊटी और कोडिकना के बंगले, ब्रिटेन का आवास और बार्सिलोना की प्रॉपर्टी शामिल है।

आपको बता दें कि ईडी ने प्रिवेन्शन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग ऐक्ट के विभिन्न प्रावधानों के तहत कार्ति और अन्य पर पिछले साल मई में केस दर्ज किया था। एफआईआर में कार्ति पर आरोप लगाया गया है कि अपने पिता के केंद्रीय वित्त मंत्री रहते उन्होंने INX मीडिया को विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (FIPB) की मंजूरी दिलाने के बदले में 3.5 करोड़ की रकम ली थी। पिछले साल 15 मई को दर्ज हुई एक FIR के सिलसिले में कार्ति को एक बार गिरफ्तार भी किया जा चुका है।

कार्ति पर आरोप है कि 2007 में विदेश से 305 करोड़ रुपये पाने के लिए उन्होंने आईएनएक्स मीडिया के मालिकों की मदद की। 2007 में कार्ति के पिता पी. चिदंबरम वित्त मंत्री थे। आईएनएक्स मीडिया की मालिक इंद्राणी मुखर्जी ने इस साल 17 फरवरी को इस मामले में इकबालिया बयान दिया। उसी आधार पर कार्ति की गिरफ्तारी हुई थी। बाद में कार्ति चिदंबरम को इस मामले में जमानत मिल गई थी। अब ईडी ने एक बार फिर कार्ति पर अपना शिकंजा कसा है।

गौरतलब है कि सीबीआई इस बात की जांच कर रही है कि 2006 में वित्त मंत्री के पद पर रहते हुए चिदंबरम ने कैसे एक विदेशी कंपनी को विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी दिला दी जबकि सिर्फ कैबिनेट की आॢथक मामलों की समिति को ऐसा करने का अधिकार था।

Web Title : Karti Chidambaram big blow, ED seized millions of properties from three countries