भारतीय सीमा पर म्यांमार ने गाड़े स्तंभ, सीमा पर तनाव की स्थिति

इंफाल। भारत-म्यांमार सीमा स्तंभ संख्या 81 को भारतीय सीमा में तीन किलोमीटर भीतर गाड़े जाने के बाद तनाव बढ़ गया है। यह सीमा स्तंभ 1969-70 में गाड़ा गया था। मगर, स्थानीय लोगों का कहना है कि इस स्तंभ को भारतीय सीमा में तीन किमी अंदर लगाया गया है। लोगों के आक्रोश को देखते हुए मणिपुर सरकार ने मामले की जांच के लिए एक समिति गठित की है।

इस घटना को लेकर असंतोष पैदा होने से मोरेह अनुमंडल के कुछ क्षेत्रों में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है। एक दिन पहले मणिपुर के राजस्व मंत्री कराम श्याम ने इलाके का दौरा किया था। क्वाथा खुनोउ के निवासियों ने पिछले महीने अतिक्रमण का आरोप लगाते हुए यह मुद्दा उठाया था। तेन्गनौपाल के कलेक्टर ए. तोंबिकांत ने सीआरपीसी की धारा 144 के तहत अगले छह माह के लिए रात में निषेधाज्ञा लागू करने का आदेश दिया है। शाम सात बजे से चार बजे भोर तक पांच या इससे ज्यादा लोगों के जमा होने और हथियार रखने पर पाबंदी लगाई गई है।

मालूम हो कि म्यांमार की तरफ से भारतीय सीमा में अतिक्रमण की कोशिश के तहत एक बॉर्डर पिलर लगाया गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह पिलर भारतीय सीमा क्षेत्र के तीन किलोमीटर भीतर लगाया गया है।

Web Title : Myanmar on the Indian border,