पाली पुलिस ने जालोर में पकड़ा नकली नोट बनाने का कारखाना, पढ़े पूरी खबर

जालोर: राजस्थान के जालोर के सबसे व्यस्तम बाजार सरावास स्थित एक काम्प्लेक्स के फ्लैट से पाली जिले की पुलिस ने छापेमार कार्रवाई करते हुए बड़ी संख्या में नकली नोट तथा उसे बनाने के उपकरण बरामद किए है। सादड़ी पुलिस की गिरफ्त में आए नकली नोट बेचने वाले गिरोह के दो आरोपियों से पूछताछ में यह मामला सामने आया। इसके बाद सादड़ी पुलिस ने गुरूवार रात जालोर आकर यह कार्रवाई की।

पुलिस की ओर से बरामद नकली नोट बारे में अभी अधिकारिक रूप से संख्या सामने नहीं आई है लेकिन सूत्रों के अनुसार करीब 80 लाख रुपए के नकली नोट पुलिस ने बरामद किए हैं।

दो आरोपियों को पकड़ा तब हुआ खुलासा

सादरी पुलिस ने सोमवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनके कब्जे से ₹100 के 80 नोट बरामद किए थे। सादडी निवासी दिनेश मेघवाल व लतीफशाह ने बताया कि वह सादडी के ही एक व्यक्ति से नकली नोट की खेप लेते हैं। इस पूरे मामले में पुलिस ने गहन पूछताछ जारी रखी। पुलिस थानाधिकारी मोहन सिंह भाटी ने बताया कि कांस्टेबल तेज सिंह व अजीत पाल ने दिनेश पुत्र मूलाराम मेघवाल निवासी सादडी तथा रफीक पुत्र छोटू सा निवासी सादडी को नकली नोटों के साथ गिरफ्तार किया था। जिनसे पूछताछ के बाद यह सामने आया कि जालोर के सरावास स्थित एक काम्प्लेक्स में नकली नोट बनाने का काम चल रहा है तथा वहां से यह नकली नोट लाए गए हैं। इसके बाद सादड़ी पुलिस ने गुरुवार रात को इस फ़्लैट पर छापामार कार्रवाई करते हुए नकली नोट, एक प्रिंटर व कलर समेत कई उपकरण बरामद करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस इस मामले में पूरे गिरोह तक पहुंचने को लेकर पूछताछ कर रही है।

जालोर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल

शहर के सबसे व्यस्तम बाजार में बेखौफ होकर नकली नोट बनाने का कारखाना चलता रहा लेकिन जालोर पुलिस को इस बारे में भनक तक नहीं लगी। गनीमत रही कि यह सादड़ी पुलिस के हाथों दो आरोपी पकड़े गए और उन्होंने पूछताछ में यह सारा खुलासा किया। जिससे जालोर में संचालित नकली नोट बनाने के कारखाने का खुलासा हुआ। ऐसे में जालोर पुलिस की कार्यप्रणाली अब सवालों के घेरे में है।

कॉम्प्लेक्स मालिक पर भी हो कार्यवाही

सुरावास के जिस काम्प्लेक्स में नकली नोट बनाने का कारखाना चल रहा था यह काम्प्लेक्स संतोष जैन व महेंद्र जैन का है। आरोपियों ने भी बड़ी चालाकी से यह फ्लैट किराए पर लिया। इन्हें पता था कि मालिक बाहर रहते हैं तथा इस बिल्डिंग में उन्हें कोई पूछने वाला तक नहीं है। इस बिल्डिंग में कई फ्लैट अभी भी खाली है। ऐसे में सुनसान रहने वाले बिल्डिंग में अपना कार्य पूरी तरह सुरक्षित समझकर करते रहे।

Web Title : Pali Police to build counterfeit note making factory in Jalore