वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट में PM मोदी ने दिया ‘6R’ का नया फॉर्मूला, कही ये बड़ी बातें…

नई दिल्ली: दुबई में वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट शुरू हो गई है. भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओपनिंग स्पीच से शुरू हुआ यह समारोह छठी बार हो रहा है. इसमें 26 देशों के राष्ट्रप्रमुख शामिल हो रहे हैं. इसके अलावा विभिन्न देशों के 2000 से अधिक प्रतिनिधि भी सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे हैं. इस दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट में विकास के लिए प्रौद्योगिकी विषय पर भाषण दिया. इससे पहले मोदी रविवार सुबह को अबू धावी में अरब के सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित किया उसके बाद अरब के पहले हिंदू मंदिर का शिलान्यास किया. मंदिर के शिलान्यास के बाद ओपेरा हाउस में उपस्तिथ भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित किया.भारतीय समुदाय को संबोधित करने के बाद मोदी दुबई वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट में हिस्सा लेने पहुंचे। इस वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट में 140 से ज्यादा देश हिस्सा ले रहे हैं। भारत को विशिष्ट रूप से इस बार इस सम्मेलन में हिस्सा लेने का मौका मिला। इस दौरान उन्होंने अपने स्वागत के लिए यूएई का शुक्रिया अदा करते हुए कहा, ‘यूएई में मुझे अपनापन महसूस होता है। इस सम्मेलन में मुख्य अतिथि बनाना, मेरा ही नहीं बल्कि 125 करोड़ भारतवासियों का सम्मान है।’तकनीक के बारे में बात करते हुए उन्होंने आगे कहा, ‘तकनीक ने सोचने की गति को चेंज किया है। तकनीक ने आम आदमी को मजबूत बनाया है। सभी तरह के विकास के बावजूद अभी तक गरीबी और कुपोषण की समस्या से नहीं निपटा जा सका है। जबकि दूसरी तरफ हम बड़ी संख्या में मिसाइल और बम बनाने में बहुत पैसा और समय खर्च कर रहे हैं, इसे विकास का साधन बनाएं, विनाश का नहीं। हमें भविष्य की समस्याओं को मिलकर खत्म करना होगा।’

संचार क्रांति के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, ‘विकास का पहलू ये भी है कि पाषाण युग से अद्योगिक क्रांति के सफ में हजारों साल गुजर गए। उसके बाद संचार क्रांति तक सिर्फ 200 वर्षों का समय लगा। वहां से डिजिटल क्रांति तक का फासला कुछ ही सालों में तय हो गया। भारत में आधार कार्ड दुनिया में अपनी तरह का अनोखा कदम है इससे लोगों को सरकारी योजनाओं लाभ दिया जा रहा है। भारत में किसानों की आय 2022 बढ़ाने में तकनीक का इस्तेमाल कर हम अंतरराष्ट्रीय साझेदारी से न्यू इंडिया के सपने को साकार करेंगे। आने वाले समय में तकनीक का इस्तेमाल काफी महत्वपूर्ण होगा। पूरे विश्व को साथ मिलकर तकनीक का इस्तेमाल दुनिया की कमियों को दूर करने के लिए करना चाहिए।’

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट में ये बड़ी बातें कही-
यह न सिर्फ मेरे लिए बल्कि भारत के 125 करोड़ लोगों के लिए गर्व का मामला है, जिसे वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट के 6 वें संस्करण में मुख्य अतिथि के रूप में बुलाया गया है।
पिछले 25 वर्षों में मातृ मृत्यु दर भारत में 1/3 और दुनिया भर में 1/2 से नीचे आ गई है।
विचारों की गति से प्रौद्योगिकी बदल रही है, प्रौद्योगिकी ने आम आदमी को सशक्त बनाया है।
विकास का पहलू ये भी है कि पाषाण युग से औद्योगिक क्रांति के सफर में हजारों साल गुजर गए। उसके बाद संचार क्रांति तक सिर्फ 200 वर्षों का समय लगा, वहां से डिजिटल क्रांति तक का फासला कुछ ही सालों में तय हो गया।
हमें 6R’s का पालन करने की आवश्यकता है जो रिड्यूस, रियूज, रिसाइकल, रिकवर, रिडिजाइन और रिमेन्युफेक्चर हैं।
यहां तक ​​कि सभी विकास के बाद भी गरीबी और कुपोषण का सफाया नहीं हो पाया है। दूसरी ओर हम मिसाइलों और बमों पर पैसा, समय और संसाधनों का बड़ा हिस्सा निवेश कर रहे हैं। हमें सावधान रहना होगा और प्रौद्योगिकी का उपयोग विकास के साधन के रूप में करना है विनाश के रूप में नहीं।
‘भारत माता की जय’ से गूंजा दुबई का ओपेरा हाउस
इससे पहले पीएम मोदी ने दुबई के ओपेरा हाउस में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मंदिर का शिलान्यास किया गया। मंदिर की आधारशीला रखने के बाद पीएम मोदी ने भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित किया। उन्‍होंने कहा कि खाड़ी देशों के विकास के लिए भारतीयों ने अहम योगदान दिया है। वह उनके सपनों को पूरा करने के लिए मिलकर काम करेंगे। वहीं मंदिर के निर्माण के लिए 125 करोड़ भारतीयों की तरफ से क्राउन प्रिंस का शुक्रिया अदा किया। पीएम के भाषण के दौरान कई बार मोदी-मोदी के नारे भी लगे और ‘भारत माता’ की जय से पूरा ओपेरा हाउस गूंज उठा। अपने भाषण में पीएम मोदी ने नोटबंदी, जीएसटी जैसे तमाम मुद्दों का जिक्र किया और कहा कि दुनिया का भारत के प्रति नजरिया बदल रहा है।
Web Title : PM Modi gives new formula for '6R' at World Government Summit