शोपियां मामलाः मेजर आदित्य के खिलाफ कार्रवाई पर SC की रोक, केंद्र और जम्मू-कश्मीर सरकार को नोटिस

नई दिल्ली: जम्मू कश्मीर के शोपियां में सेना की गोलीबारी में पत्थरबाजों की मौत के बाद उनके खिलाफ केस दर्ज किया गया था. इसमें 10 गढ़वाल राइफल्स के मेजर आदित्य कुमार के खिलाफ भी एफआईआर हुई थी, जिसके खिलाफ मेजर के पिता ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. मेजर आदित्य के पिता की याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई. जिसमें कोर्ट ने मेजर आदित्य के खिलाफ FIR पर अंतरिम रोक लगाने का आदेश दिया.मेजर आदित्य के खिलाफ नहीं चलेगा कोई केस, समर्थन में धरने पर बैठे पूर्व सेना अधिकारी

इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकार से इस मसले पर जवाब मांगा है. मेजर आदित्य कुमार के पिता लेफ्टिनेंट कर्नल कर्मवीर सिंह ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका में कहा है कि राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान की रक्षा के लिए और जान की बाज़ी लगाने वाले भारतीय सेना के जवानों के मनोबल की रक्षा की जाए. दरअसल 27 जनवरी को जम्मू-कश्मीर के शोपियां में पत्थरबाजों पर सेना की फायरिंग में दो पत्थारबाजों की मौत हो गई थी. इस मामले को लेकर वहां काफी विरोध-प्रदर्शन हुए थे. इस फायरिंग का आदेश देने को लेकर मेजर आदित्य के खिलाफ केस दर्ज किया गया. राज्य सरकार की इस कार्रवाई को लेकर देशभर में विरोध हुआ था.

मेजर आदित्य पर एफआइआर दर्ज होने के बाद उनके पिता ने सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला किया था। कर्नल कर्मवीर की ओर से पेश वकील ऐश्वर्या भाटी ने मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा की पीठ के समक्ष इस याचिका यह जल्द सुनवाई की अपील की थी। जिसके बाद पीठ ने मामले की सुनवाई के लिए सोमवार का दिन तय किया। आर्मी अधिकारी कर्मवीर ने अपनी याचिका में कहा है कि वे अपने बेटे और सैन्य अधिकारी के मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट आए हैं। उनका कहना है कि राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान को बचाने के लिए और जान की बाज़ी लगाने वाले भारतीय सेना के जवानों के मनोबल की रक्षा की जानी चाहिए। जिस तरह से राज्य में राजनीतिक नेतृत्व द्वारा FIR का दर्ज कराई गई है, इससे लगता है कि राज्य में विपरीत स्थिति है। यह उनके बेटे उनके लिए समानता के अधिकार और जीवन जीने के अधिकार का उल्लंघन है।

Web Title : SC suspension on action against Major Aditya